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October 11, 2026

Doon Daily News

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मसूरी-देहरादून मार्ग भूस्खलन से बाधित, वाहनों की लगी लंबी कतारें

उत्तराखंड में भारी बारिश का दौर जारी है. भारी बारिश से भूस्खलन की घटनाएं बढ़ गई है. जिससे लोगों की परेशानियां बढ़ गई हैं.

मसूरी: उत्तराखंड में मौसम का मिजाज तल्ख है. वहीं मसूरी-देहरादून मार्ग पर पानी वाले बैंड के पास एक बार फिर भूस्खलन ने यातायात की रफ्तार रोक दी. पहाड़ी से भारी मात्रा में मलबा आने और सड़क का एक बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त होने के कारण मार्ग बंद हो गया. सड़क बंद होते ही दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई. बारिश के बीच मार्ग पर फंसे यात्रियों और पर्यटकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा.

बार-बार बंद हो रहा मार्ग: पानी वाला बैंड पिछले कुछ समय से लगातार भूस्खलन की घटनाओं के कारण संवेदनशील बना हुआ है. बारिश के दौरान यहां पहाड़ी से मलबा आने के साथ सड़क के किनारे की जमीन भी खिसक रही है. शनिवार को भी भूस्खलन के बाद सड़क का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त होने से वाहनों की आवाजाही पूरी तरह प्रभावित हो गई.

दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लगी हुई है: पानी वाले बैंड की मौजूदा स्थिति ने पिछले वर्ष 16 सितंबर 2025 को आई आपदा की याद भी ताजा कर दी है. उस दौरान यह क्षेत्र भीषण रूप से प्रभावित हुआ था. अब दोबारा लगातार भूस्खलन की घटनाएं सामने आने से स्थानीय लोगों में चिंता बढ़ रही है. स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि बारिश के दौरान इसी तरह पहाड़ी दरकती रही तो आने वाले दिनों में समस्या और गंभीर हो सकती है. उनका कहना है कि सिर्फ मलबा हटाकर मार्ग खोलना पर्याप्त नहीं है, बल्कि संवेदनशील पहाड़ी का स्थायी उपचार किया जाना जरूरी है.

यातायात सुचारू करने में जुटा विभाग: मार्ग बंद होने की सूचना के बाद लोक निर्माण विभाग की टीम मौके पर पहुंची और मलबा हटाने का काम शुरू किया. विभाग की ओर से सड़क को फिलहाल एकतरफा यातायात के लिए सुचारु करने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि जाम का दबाव कम किया जा सके.

लोक निर्माण विभाग को जल्द से जल्द मार्ग सुचारु करने के निर्देश दिए हैं. प्रशासन की ओर से मौके की स्थिति पर नजर रखी जा रही है.
-राहुल आनंद, एसडीएम-

हर बारिश में बढ़ रहा खतरा: पानी वाला बैंड अब मसूरी-देहरादून मार्ग का सबसे संवेदनशील हिस्सा बनता जा रहा है. बारिश के दौरान बार-बार होने वाले भूस्खलन से जहां यातायात व्यवस्था प्रभावित हो रही है, वहीं पहाड़ी के और अधिक अस्थिर होने की आशंका भी बनी हुई है. स्थानीय दीपक रावत ने प्रशासन से मांग की है कि पानी वाले बैंड का विशेषज्ञों से सर्वे कराकर सड़क और पहाड़ी को सुरक्षित करने के लिए स्थायी कार्य कराया जाए, जिससे हर बारिश में मार्ग बंद होने की समस्या से निजात मिल सके.

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