April 21, 2026

Doon Daily News

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Chardham Yatra 2024 के लिए बनेगी विशेष योजन, धाम समेत यात्रा मार्गों के स्थलों की धारण क्षमता का आकलन कराएगी उत्‍तराखंड सरकार

चारधाम यात्रा में हर साल श्रद्धालुओं की संख्या में वृद्धि होनी तय है। इसे देखते हुए चारों धामों के साथ ही यात्रा मार्गों से लगे स्थलों की धारण क्षमता का सरकार आकलन कराएगी। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को सचिवालय में चारधाम यात्रा, मानसखंड मंदिर माला मिशन, कैंचीधाम व पूर्णागिरी की व्यवस्था की समीक्षा के दौरान अधिकारियों को इसके निर्देश दिए। साथ ही चारधाम यात्रा के चरम पर रहने की अवधि के लिए विशेष योजना बनाने को भी निर्देशित किया।

कार्ययोजना बनाकर काम करने पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि चारधाम यात्रा मार्गों के साथ ही राज्य के तीर्थाटन व पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण स्थलों में पार्किंग समेत मूलभूत सुविधाएं विकसित करने से संबंधित प्रस्ताव भी आवास विभाग को भेजे जाएं। उन्होंने ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल सेवा प्रारंभ होने से पहले रेल मार्गों के अलावा कर्णप्रयाग व उसके आसपास के क्षेत्रों में भी पार्किंग व अन्य सुविधाओं के लिए कार्ययोजना बनाकर काम करने पर जोर दिया। उन्होंने चारधाम यात्रा के सुचारू संचालन पर संतोष जताया और अधिकारियों से कहा कि हमें आगे भी यात्रा को इसी मनोयोग से सुव्यवस्थित रखना है। उन्होंने कहा कि चारधाम यात्रा के लिए आफलाइन पंजीकरण 31 मई तक स्थगित हैं। यात्रा के अनुरूप इस बारे में आगे निर्णय लिया जाएगा। उन्होंने गढ़वाल व कुमाऊं के मंडलायुक्तों को चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की सुविधा के दृष्टिगत रूट डायवर्ट प्लान पर भी कार्य करने को कहा।

जो भी यात्री आएं, वे पंजीकरण कराकर पहुंचे
समीक्षा बैठक के दौरान चारधाम यात्रा को सुगम व बेहतर बनाने को तैयार किए जा रहे मोबाइल एप यात्रा समाधान के संबंध में प्रस्तुतीकरण भी दिया गया। बताया गया कि इस एप का उद्देश्य चारों धामों के नजदीकी पुलिस स्टेशन, अस्पताल, पार्किंग समेत अन्य सुविधाओं की जानकारी एक प्लेटफार्म पर उपलब्ध कराना है। इस एप से यात्रा से जुड़े सभी पक्षकार बीकेटीसी, मंदिर प्रशासन, होटल, टूर आपरेटर्स, ट्रांसपोर्टर भी आपस में जुड़ सकेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए कि तीर्थाटन व पर्यटन के लिए जो भी यात्री यहां आएं, वे पंजीकरण कराकर पहुंचे। उन्होंने इस दृष्टि से भी आइटीडीए व पर्यटन विभाग को इस एप को और बेहतर बनाने के निर्देश दिए।