उत्तराखंड विधानसभा का मानसून सत्र 19 अगस्त से, अध्यक्ष की दो टूक- ‘सुरक्षा व्यवस्था में न हो कोई चूक’

ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में 19 अगस्त से प्रारंभ होने वाले विधानसभा के मानसून सत्र की तैयारियां प्रारंभ कर दी गई हैं। इसी कड़ी में विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण ने गुरुवार को देहरादून स्थित विधानसभा भवन के सभागार में सत्र के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बुलाई गई बैठक में निर्देश दिए कि सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रखने के साथ ही पानी, बिजली, चिकित्सा समेत अन्य सुविधाएं भी दुरुस्त रखी जाएं। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि विधानसभा सत्र ई-नेवा (नेशनल इलेक्ट्रोरल वेब एप्लीकेशन) के अंतर्गत संचालित होगा। इस कड़ी में उन्होंने आइटीडीए को निर्देश दिए कि सत्र के दाैरान इंटरनेट सेवा को बेहतर बनाने पर ध्यान केंद्रित किया जाए। साथ ही अपने प्रतिनिधियों की सत्र के दौरान विधानसभा भवन में उपस्थित सुनिश्चित रखने को भी कहा। उन्होंने कहा कि विधायकों की संस्तुति पर एक और मंत्रियों की संस्तुति पर दो आगंतुकों को प्रवेश पत्र जारी किए जाएंगे। सत्र की कार्यवाही की वेबकास्टिंग की जाएगी।
बाद में पत्रकारों से बातचीत में विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि गैरसैंण में सत्र के लिए सभी तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं। एक प्रश्न पर उन्होंने कहा कि वर्षाकाल की चुनौती अवश्य है, लेकिन हम इसका सामना करेंगे। यह पूछे जाने पर कि क्या कुछ विधायकों ने गैरसैंण में सत्र के आलोक में आपदा और सड़कें खराब होने संबंधी कोई पत्र दिया है, इस पर उन्होंने कहा कि ऐसा कोई पत्र उन्हें नहीं मिला है। उन्होंने कहा कि विधानसभा सचिवालय गैरसैंण या देहरादून, कहीं भी सत्र कराने के लिए तैयार है। इसके लिए सुरक्षा, पानी, बिजली जैसी व्यवस्थाएं एक जैसी हैं। गैरसैंण में रहने-खाने की व्यवस्था के लिए व्यवस्था करनी पड़ती है, जबकि देहरादून में ऐसा नहीं है।